मंटो का बिशन
टोबा टेकसिंग वाला बिशन
ऐसा लगता है
कि
मैं ही वो बिशन था
मेरे दिल ने तब भी
विभाजन
स्वीकार नहीं किया था
मेरा दिल अब भी
विभाजन को नहीं मानता
फर्क
सिर्फ इतना है
तब मैं कहता रहता था
ओ पड़दी गिद गिड दी
मुंग दी दाल दी ऑफ़ लालटेन
तब लोग
उसे बडबडाना कहते थे
लोग कहते थें
मुरख है
और अब
मैं बोलते बोलते चुप हो जाता हूँ
बोल नहीं पाता
लोग कह नहीं पाते हैं
समझते हैं कि मूर्ख है
तब का बडबडाना जो कुछ भी था
अब कि चुप्पी कुछ भी है
विभाजन तब भी गलत था
विभाजन अब भी गलत है
टोबा टेकसिंग वाला बिशन
ऐसा लगता है
कि
मैं ही वो बिशन था
मेरे दिल ने तब भी
विभाजन
स्वीकार नहीं किया था
मेरा दिल अब भी
विभाजन को नहीं मानता
फर्क
सिर्फ इतना है
तब मैं कहता रहता था
ओ पड़दी गिद गिड दी
मुंग दी दाल दी ऑफ़ लालटेन
तब लोग
उसे बडबडाना कहते थे
लोग कहते थें
मुरख है
और अब
मैं बोलते बोलते चुप हो जाता हूँ
बोल नहीं पाता
लोग कह नहीं पाते हैं
समझते हैं कि मूर्ख है
तब का बडबडाना जो कुछ भी था
अब कि चुप्पी कुछ भी है
विभाजन तब भी गलत था
विभाजन अब भी गलत है